settings icon
share icon
प्रश्न

कलीसिया के डीकनों के उत्तरदायित्व क्या हैं?

उत्तर


नए नियम में, "सेवा" के लिए अक्सर उपयोग होने वाले शब्द का अनुवाद यूनानी शब्द डियाकोनियो से हुआ है, जिसका शाब्दिक अर्थ "गन्दगी को उठा कर फेंकने" से है। यह एक नौकर या परिचारक या एक ऐसे व्यक्ति के लिए उपयोग होता है, जो दूसरे की सेवा करता है। इसी शब्द से हम अंग्रेजी भाषा के शब्द डीकन को पाते हैं। हम सबसे पहले शब्द डीकन के उपयोग को प्रेरितों के काम की पुस्तक में कलीसिया में सहायकों के सन्दर्भ में देखते हैं। "तब उन बारहों ने चेलों की मण्डली को अपने पास बुलाकर कहा, 'यह ठीक नहीं कि हम परमेश्‍वर का वचन छोड़कर खिलाने-पिलाने की सेवा में रहें" (प्रेरितों के काम 6:2)। वे लोग जो झुण्ड को प्रचार करने और शिक्षा देने के द्वारा आत्मिक भोजन खिला रहे थे, ने समझ लिया कि उनके लिए यह ठीक नहीं होगा कि वे मेज की सेवा करने के लिए अपने कार्य को छोड़ दें, इसलिए उन्होंने कुछ और ऐसे लोगों को पाया जो सेवा करने की इच्छा रखते थे और कलीसिया की भौतिक आवश्यकता के प्रति सेवा देने के लिए इच्छुक थे, जबकि वे निरन्तर आत्मिक आवश्यकताओं को पूरा करते रहेंगे। यह संसाधनों को सर्वोत्तम उपयोग था और प्रत्येक के वरदानों का भी सर्वोत्तम उपयोग था। इसमें साथ ही और भी लोग सेवा करने और एक दूसरे की सहायता करने के लिए सम्मिलित हो गए।

आज, बाइबल आधारित कलीसिया के लिए, ये भूमिकाएँ अनिवार्य रूप से वैसी ही हैं। प्राचीन और पास्टरों को "वचन का प्रचार करना...सब प्रकार की सहनशीलता और शिक्षा के साथ उलाहना देना, और डाँटना, और समझाने" का कार्य है (2 तीमुथियुस 4:2), और डीकनों को शेष सभी बातों की देखभाल करनी होती है। एक डीकन के उत्तरदायित्व में प्रशासनिक या संगठनात्मक कार्यों को करना, भवन के प्रबन्धन का कार्य, या कलीसिया के कोषाध्यक्ष के रूप में स्वयं सेवा देने का कार्य सम्मिलित हो सकता है। यह कलीसिया की आवश्यकता और उपलब्ध लोगों के वरदानों के ऊपर निर्भर करता है।

पवित्र शास्त्र में एक डीकन के कार्यों की स्पष्ट रीति से कोई सूची या रूपरेखा नहीं दी गई है; उन्हें वह सब कुछ करना होता है, जो एक प्राचीन या एक पास्टर के कार्यों में सम्मिलित नहीं है। परन्तु एक डीकन की योग्यताएँ पवित्र शास्त्र में स्पष्ट रीति से रूपरेखित की गई हैं। उन्हें गम्भीर होना चाहिए, दो रंगी, पियक्कड़, और नीच कमाई के लोभी नहीं, शुद्ध विवेक वाले निर्दोष एक ही पत्नी के पति और अच्छा प्रबन्ध करने वाले होना चाहिए (1 तीमुथियुस 3:8-12)। वचन के अनुसार, डीकन का पद सम्मान और आशीष का है। "क्योंकि जो सेवक का काम अच्छी तरह से कर सकते हैं, वे अपने लिये अच्छा पद और उस विश्‍वास में जो मसीह यीशु पर है, बड़ा हियाव प्राप्त करते हैं" (1 तीमुथियुस 3:13)।

English



हिन्दी के मुख्य पृष्ठ पर वापस जाइए

कलीसिया के डीकनों के उत्तरदायित्व क्या हैं?
इस पृष्ठ को साझा करें: Facebook icon Twitter icon Pinterest icon Email icon
© Copyright Got Questions Ministries